कोई दीवाना कहता हैं कोई पागल समझता है <br />मगर धरती की बैचनी को बस बदल समझता है <br />मैं तुझसे दूर कैसा हूँ,तू मुझसे दूर कैसी है <br />यह तेरा दिल समझता है या मेरा दिल समझता है