लंबी कानूनी लड़ाई लड़ने के बाद वर्ष 2018 में बैतूल के दानवाखेड़ा गांव के 231 आदिवासियों को मतदान का अधिकार मिला, लेकिन पहली बार मतदान करने की इन आदिवासियों की खुशी तब चली गई जब उन्हें ये पता चला कि मतदान केंद्र इनके गांव से 11 किलोमीटर दूर बनाया गया है.
