जिले की कुल 8 पंचायत समितियों में खुलेगी नन्दीशाला<br />सवाईमाधोपुर. जिले में गौवंश संरक्षण को नई दिशा देने के लिए राज्य सरकार ने बड़ी पहल की है। ग्राम पंचायत स्तर पर गौशालाओं और पंचायत समिति स्तर पर नन्दीशालाओं की स्थापना की योजना शुरू की है। पशुपालन विभाग ने इसके लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं, जिनकी अंतिम तिथि 15 मार्च तय की है।<br /><br />ग्राम पंचायत स्तर पर एक करोड़ से बनेगी गौशाला<br /><br />ग्राम पंचायत स्तर पर बनने वाली गौशाला की लागत लगभग 1 करोड़ रुपए होगी। इसमें 90 प्रतिशत खर्च राज्य सरकार वहन करेगी, जबकि 10 प्रतिशत अंशदान संबंधित संस्था या ग्राम पंचायत को करना होगा। योजना की शर्तों के अनुसार आवेदक के पास कम से कम 5 बीघा (लगभग 8,000 वर्ग मीटर) विवादमुक्त भूमि स्वयं के नाम पर होना जरूरी है। वर्तमान में भैडोली और बौली ग्राम पंचायतों में प्रक्रिया जारी है, अन्य पंचायतें भी आवेदन कर सकती हैं।<br />पंचायत समिति स्तरीय नन्दीशाला<br />पंचायत समिति स्तर पर नन्दीशाला की स्थापना के लिए 1.57 करोड़ रुपए की लागत निर्धारित की गई है। जिले की कुल 8 पंचायत समितियों में नन्दीशाला खोली जानी है। इसके लिए आवेदक संस्था या गौशाला के पास कम से कम 10 बीघा (लगभग 16,000 वर्ग मीटर) भूमि स्वयं के नाम पर होना आवश्यक है। भूमि सभी वैधानिक मापदंडों के अनुरूप होनी चाहिए। पात्र संस्थाएं, ग्राम पंचायतें और गौशालाएं निर्धारित शर्तों की पूर्ति करते हुए 15 मार्च तक आवेदन कर सकती है। इस योजना से जिले में गौवंश संरक्षण की व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी तथा पशुधन की देखभाल को नई दिशा मिलेगी।<br /><br />..............................<br />इनका कहना है...<br /><br />ग्राम पंचायत गौशाा व पंचायत समिति नंदीशालाएं खोली जाएगी। इच्छुक संस्थाएं 15 मार्च तक ऑफलाइन आवेदन जमा कर सकती हैं। यह योजना न केवल पशुधन की देखभाल को सुदृढ़ बनाएगी बल्कि ग्रामीण स्तर पर गौ-संरक्षण को नया आयाम भी देगी।<br />डॉ.राजीव गर्ग, संयुक्त निदेशक, पशुपालन विभाग सवाईमाधोपुर<br /><br />
