<p>कर्नाटक के बेलगाम की एक शादी कुछ खास थी. इस शादी ने सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश की. एक मुस्लिम परिवार ने अनाथ लड़के की शादी हिंदू रीति रिवाज से कराई. जिसके लिए दूल्हा सोमशेखर शुक्रिया कहते नहीं थकते. हुक्केरी तालुक के बस्तवाड़ा गांव में हिंदू परिवार और मुस्लिम परिवार पड़ोसी थे.बात 20 साल पहले की है. हिंदू परिवार के मुखिया की अचानक मौत हो गई. उसके कुछ समय बाद उनकी पत्नी ने भी बीमारी से दम तोड़ दिया. दो बच्चे के सिर से मां-बाप का साया उठ गया. रिश्तेदारों ने भी इन बच्चों की मदद नहीं की. तब 4 साल के सोमशेखर और उनके 2 साल के भाई वसंत के लिए ये मुस्लिम परिवार सहारा बना. महबूब और नूर के पांच बच्चे हैं. इन दो बच्चों को मिलाकर परिवार में कुल सात बच्चे. इन बच्चों ने सभी त्यौहार एक साथ मनाया. कभी हिंदू और मुस्लिम त्यौहार में फर्क नहीं देखा. शादी के बाद इस परिवार की चर्चा और तारीफ सबतरफ हो रही हैं.</p>
