<p>पश्चिम बंगाल के पश्चिम मेदिनीपुर जिले की खड़गपुर सदर विधानसभा सीट पर चुनाव प्रचार तेज हो गया है. यहां मुख्य मुकाबला तृणमूल कांग्रेस के प्रदीप सरकार और बीजेपी के दिलीप घोष के बीच माना जा रहा है. सरकार ने 2019 के उप-चुनाव में यह सीट जीती थी। यह उप-चुनाव तब हुआ था, जब घोष ने 2019 के लोकसभा चुनावों में सांसद चुने जाने के बाद यह सीट छोड़ दी थी. हालांकि, 2021 के विधानसभा चुनावों में सरकार यह सीट बीजेपी उम्मीदवार हिरण्मय चटर्जी से हार गए थे. अब, सरकार को यह सीट दोबारा जीतने का पूरा भरोसा है. बीजेपी द्वारा घोष को फिर से मैदान में उतारने पर, सरकार उन्हें 'बाहरी' बताकर चुनाव प्रचार कर रहे हैं. </p><p>दूसरी ओर, बीजेपी उम्मीदवार दिलीप घोष न सिर्फ खुद की जीत को लेकर आश्वस्त हैं, बल्कि उन्हें राज्य में पार्टी की बड़ी जीत का भी भरोसा है. उनका मानना है कि इस बार टीएमसी के खिलाफ सत्ता-विरोधी लहर काफी मजबूत है.</p><p>चुनावी मैदान में उतरे उम्मीदवार इलाके के मतदाताओं से सीधे संपर्क साध रहे हैं, हालांकि लोगों का कहना है कि यह क्षेत्र भले ही एक प्रमुख औद्योगिक केंद्र हों और यहां एक बड़ा रेलवे वर्कशॉप मौजूद हो, इसके बावजूद उन्हें आज भी खराब बुनियादी ढांचे के साथ गुजारा करना पड़ रहा है.</p>
