<p>अप्रैल 2026 में भारत में मौसम ने असामान्य रूप ले लिया है, जिससे जनजीवन और खेती दोनों प्रभावित हुए हैं. लगातार सक्रिय पश्चिमी विक्षोभों के कारण देश के कई हिस्सों में बेमौसम बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाएं देखने को मिलीं. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने 7–8 अप्रैल को उत्तर भारत में फिर से भारी बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी दी है. इस मौसम का सबसे ज्यादा असर रबी फसलों पर पड़ा है, खासकर गेहूं, चना और सरसों, जो कटाई के लिए तैयार थीं। कई क्षेत्रों में 20–30% से लेकर 50–70% तक नुकसान की आशंका जताई गई है. अखिल भारतीय किसान सभा ने इसे किसानों के लिए बड़ा संकट बताया है और मुआवजे की मांग की है. बार-बार बदलते मौसम को विशेषज्ञ जलवायु परिवर्तन का संकेत मान रहे हैं, जिससे भविष्य में ऐसे हालात और बढ़ सकते हैं.</p>
